पंचांग — 11 नवंबर 2031, दिल्ली
पंचांग के पाँच अंग
| तिथि | द्वादशी (कृष्ण पक्ष) — समाप्त 06:12 AM (अगले दिन), फिर त्रयोदशी |
| नक्षत्र | उत्तर फाल्गुनी — समाप्त 01:20 PM, फिर हस्त |
| योग | विष्कुम्भ — समाप्त 04:37 AM (अगले दिन), फिर प्रीति |
| करण | कौलव — समाप्त 06:13 PM, फिर तैतिल |
| वार | मंगलवार |
सूर्योदय06:40 AM
सूर्यास्त05:29 PM
चंद्र राशिकन्या
सूर्य राशितुला
मास (पूर्णिमांत)कार्तिक
मास (अमांत)आश्विन
विक्रम संवत2088
शक संवत1953
शुभ और अशुभ समय
| अभिजित मुहूर्त | 11:43 AM – 12:26 PM |
| राहु काल | 02:47 PM – 04:08 PM |
| यमगंड | 09:22 AM – 10:43 AM |
| गुलिक काल | 12:05 PM – 01:26 PM |
राहु काल में नया काम, यात्रा या ख़रीदारी शुरू न करने की परंपरा है. ये समय सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिन को 8 भागों में बाँटकर निकाले जाते हैं, इसलिए हर शहर में अलग होते हैं.
चौघड़िया
दिन का चौघड़िया
| रोग | 06:40 AM – 08:01 AM |
| उद्वेग | 08:01 AM – 09:22 AM |
| चर | 09:22 AM – 10:43 AM |
| लाभ | 10:43 AM – 12:05 PM |
| अमृत | 12:05 PM – 01:26 PM |
| काल | 01:26 PM – 02:47 PM |
| शुभ | 02:47 PM – 04:08 PM |
| रोग | 04:08 PM – 05:29 PM |
रात का चौघड़िया
| काल | 05:29 PM – 07:08 PM |
| लाभ | 07:08 PM – 08:47 PM |
| उद्वेग | 08:47 PM – 10:26 PM |
| शुभ | 10:26 PM – 12:05 AM (अगले दिन) |
| अमृत | 12:05 AM (अगले दिन) – 01:44 AM (अगले दिन) |
| चर | 01:44 AM (अगले दिन) – 03:23 AM (अगले दिन) |
| रोग | 03:23 AM (अगले दिन) – 05:02 AM (अगले दिन) |
| काल | 05:02 AM (अगले दिन) – 06:41 AM (अगले दिन) |
अमृत, शुभ और लाभ शुभ माने जाते हैं, चर सामान्य; उद्वेग, काल और रोग में नए काम से बचने की परंपरा है.
आने वाले व्रत
| 14 नव | अमावस्या |
| 24 नव | एकादशी (शुक्ल) |
| 28 नव | पूर्णिमा |
| 10 दिस | एकादशी (कृष्ण) |
| 14 दिस | अमावस्या |
| 24 दिस | एकादशी (शुक्ल) |
सूर्योदय के समय की तिथि के नियम से, चुने गए शहर के हिसाब से.
पंचांग क्या है
पंचांग हिंदू कैलेंडर है. इसके पाँच अंग हैं: तिथि (चंद्र दिवस), वार, नक्षत्र (चंद्रमा का तारा), योग (सूर्य और चंद्रमा की संयुक्त गति) और करण (आधी तिथि). इसी से त्योहार, व्रत और महत्वपूर्ण कामों के लिए शुभ समय चुना जाता है.
यहाँ सभी मान चुने गए शहर के लिए सूर्य और चंद्रमा की स्थिति से, Lahiri अयनांश के साथ निकाले गए हैं. सूर्योदय के समय जो तिथि होती है, वही उस दिन की तिथि मानी जाती है.