चौघड़िया — 22 सितंबर 2030, दिल्ली

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

उद्वेग06:09 AM – 07:40 AM
चर07:40 AM – 09:11 AM
लाभ09:11 AM – 10:42 AM
अमृत10:42 AM – 12:13 PM
काल12:13 PM – 01:44 PM
शुभ01:44 PM – 03:15 PM
रोग03:15 PM – 04:46 PM
उद्वेग04:46 PM – 06:18 PM

रात का चौघड़िया

शुभ06:18 PM – 07:47 PM
अमृत07:47 PM – 09:16 PM
चर09:16 PM – 10:45 PM
रोग10:45 PM – 12:14 AM (अगले दिन)
काल12:14 AM (अगले दिन) – 01:43 AM (अगले दिन)
लाभ01:43 AM (अगले दिन) – 03:11 AM (अगले दिन)
उद्वेग03:11 AM (अगले दिन) – 04:40 AM (अगले दिन)
शुभ04:40 AM (अगले दिन) – 06:09 AM (अगले दिन)

अमृत, शुभ और लाभ शुभ माने जाते हैं, चर सामान्य; उद्वेग, काल और रोग में नए काम से बचने की परंपरा है.

पंचांग के पाँच अंग

तिथिदशमी (कृष्ण पक्ष) — समाप्त 06:22 PM, फिर एकादशी
नक्षत्रपुनर्वसु — समाप्त 02:34 PM, फिर पुष्य
योगपरिघ — समाप्त 11:18 PM, फिर शिव
करणविष्टि (भद्रा) — समाप्त 06:22 PM, फिर बव
वाररविवार
सूर्योदय06:09 AM
सूर्यास्त06:18 PM
चंद्र राशिमिथुन
सूर्य राशिकन्या
मास (पूर्णिमांत)आश्विन
मास (अमांत)भाद्रपद
विक्रम संवत2087
शक संवत1952

शुभ और अशुभ समय

अभिजित मुहूर्त11:49 AM – 12:38 PM
राहु काल04:46 PM – 06:18 PM
यमगंड12:13 PM – 01:44 PM
गुलिक काल03:15 PM – 04:46 PM

राहु काल में नया काम, यात्रा या ख़रीदारी शुरू न करने की परंपरा है. ये समय सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिन को 8 भागों में बाँटकर निकाले जाते हैं, इसलिए हर शहर में अलग होते हैं.

आने वाले व्रत

23 सितएकादशी (कृष्ण)
27 सितअमावस्या
7 अक्टूएकादशी (शुक्ल)
11 अक्टूपूर्णिमा
23 अक्टूएकादशी (कृष्ण)
26 अक्टूअमावस्या
5 नवएकादशी (शुक्ल)

सूर्योदय के समय की तिथि के नियम से, चुने गए शहर के हिसाब से.

पंचांग क्या है

पंचांग हिंदू कैलेंडर है. इसके पाँच अंग हैं: तिथि (चंद्र दिवस), वार, नक्षत्र (चंद्रमा का तारा), योग (सूर्य और चंद्रमा की संयुक्त गति) और करण (आधी तिथि). इसी से त्योहार, व्रत और महत्वपूर्ण कामों के लिए शुभ समय चुना जाता है.

यहाँ सभी मान चुने गए शहर के लिए सूर्य और चंद्रमा की स्थिति से, Lahiri अयनांश के साथ निकाले गए हैं. सूर्योदय के समय जो तिथि होती है, वही उस दिन की तिथि मानी जाती है.